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Class 10th Hindi Subjective Question

कक्षा 10 हिंदी (गोधूलि भाग 2 काव्य खण्ड) पाठ -2 प्रेम-अयनि श्री राधिका Subjective Question 2023 || Prem Ayani Shri Radhika Subjective Question Answer 2023

अगर आप कक्षा 10 के छात्र हैं और मैट्रिक परीक्षा 2023 की तैयारी कर रहे हैं तो यहां पर आपको कक्षा 10 हिंदी काव्य खंड का प्रेम-अयनि श्री राधिका का सब्जेक्टिव क्वेश्चन नीचे दिया गया है। जो कि आपके मैट्रिक परीक्षा 2023 के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है। इसलिए शुरू से अंत तक जरूर पढ़ें। और आपको इस वेबसाइट पर प्रेम-अयनि श्री राधिका Objective Question भी पढने के लिए मिल जायेगा।

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प्रेम-अयनि श्री राधिका Subjective Question Answer 2023

1. कवि ने माली-मालिन किन्हें और क्यों कहा है ?

उत्तर ⇒ कवि ने श्रीकृष्ण और राधा को माली और मालिन कहा। जिस तरह माली और मालिनी वाटिका की देखभाल करते हैं और उसकी शोभा बनी रहती है, उसी तरह प्रेमवाटिका के कृष्ण और राधा युगल के संयोग से रसिक हृदय में प्रेम की अभिसिक्त होती रहती है। प्रेमस्वरूपा राधा और प्रेमरूप कृष्ण के युगल से कवि के हृदय में भी प्रेम का संचार होने लगता है।

2. द्वितीय दोहे का काव्य-सौंदर्य स्पष्ट करें।

उत्तर ⇒ कवि ने इस दोहे में श्रीकृष्ण के अपूर्व, लौकिक सौंदर्य का . वर्णन किया है। कृष्ण के चरवाहे रूप के सौन्दर्य पर रसखान मुग्ध हो जाते हैं। इस मुग्ध अवस्था में कवि कहता है कि यदि नंद की गायों को चराने का उसे अवसर मिला तो वह संसार के सभी सुखों को त्याग देगा।

3. कृष्ण को चोर क्यों कहा गया है ? कवि का अभिप्राय स्पष्ट करें।

उत्तर ⇒ कवि रसखान ने कृष्ण को चोर इसलिए कहा है क्योंकि जिस प्रकार कोई चोर घर से चोरी में वस्तु उठा ले जाता है और घर के मालिक के अधिकार से वस्तु बाहर हो जाती है। ठीक इसी तरह कवि का मन भी उसके अधिकार से बाहर हो गया। कवि का अभिप्राय यह है कि उनके मन को कृष्ण ने अपने सौन्दर्य रूप से इतना मोहित कर लिया है, जिससे वह स्वयं कवि के वश में नहीं है।

4. सवैये में कवि की कैसी आकांक्षा प्रकट होती है ? भावार्थ बताते हुए स्पष्ट करे।

उत्तर ⇒ कवि ने सवैये में श्रीकृष्ण और ब्रज के प्रति अपने आपको समर्पित कर दिया है। कवि का कहना है कि वह किसी भी प्रकार से ब्रज में निवास करना चाहता है, चाहे इसके लिए उन्हें संसार का प्रत्येक सुख का त्याग करना पड़े। वह कृष्ण की लकटी और कामरिया पर राज-पाट भी न्यौछावर करने के लिए तैयार हैं। वह कहता है यदि उसके पास आठ सिद्धियाँ और नौ निधियाँ भी हो तब भी वह नंद की गाय चराते हुए भुला देगा। कवि की अभिलाषा है कि वह सोने के चमकते महलों की अपेक्षा वृन्दावन में रहना पसंद करेगा। इस प्रकार कवि अपना सबकुछ कृष्ण के प्रेम में न्यौछावर कर देगा।

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5. व्याख्या करें:

(क) मन पावन चितचोर, पलक ओट नहिं कर सकौं। उत्तर :

सन्दर्भः प्रस्तुत पंक्ति हमारी पाठ्य-पुस्तक गोधूलि में संकलित सवैये से अवतरित है। इसके रचनाकार कवि रसखान हैं।

प्रसंगः प्रस्तुत पंक्ति में कृष्ण के प्रेम में लीन मन की व्यथा का चित्रण किया गया है।

व्याख्याः कवि रसखान जी कहते हैं कि श्रीकृष्ण और राधा के सौन्दर्य रूप उनके हृदय में इस प्रकार से रम गया है कि उन्हें प्रत्येक क्षण देखने को मन करता है। कवि का आशय यह है कि राधा-कृष्ण के प्रेममय रूप पर इस प्रकार माहित हो गया हूँ कि उन्हें लगता है कि मेरा मन अब मेरे ही वश में नहीं है। ऐसा लगता है जैसे कृष्ण के आलौकिक रूप न मेरा मन चुरा लिया हो।

(ख) रसखानि कबौं इन आँखिन सौं ब्रज के बनबाग तड़ाग निहारौं।

उत्तर ⇒ सन्दर्भः प्रस्तुत पंक्ति हमारी पाठ्य-पुस्तक गोधूलि में संकलित सवैये से अवतरित है। इसके रचनाकार कवि रसखान हैं। प्रसंगः इस पंक्ति में कवि ने अपनी अभिलाषा को व्यक्त किया है कि वह अपनी आँखे से ब्रज के वन, उपवन को देखे।

व्याख्याः कवि अपनी इच्छा प्रकट करते हुए कहता है कि उस ब्रज के वनबाग तथा तालाबों को कब इन आँखों से देख सकूँगा। कहने का अर्थ यह है कि कृष्ण के आलौकिक रूप पर इस प्रकार कवि आसक्त हो गया है कि अब उसका मन व्याकुल हो रहा है। अब उसकी यही आशा है कि वह उस वन, उपवन और तालाबों को देखे जिन्होंने कृष्ण की लालाओं का साक्षात् दर्शन किया है।

Class 10th Hindi Subjective Question 2023

Hindi Subjective Question
S.N गोधूलि भाग 2 ( गद्यखंड )
1. श्रम विभाजन और जाति प्रथा
2. विष के दाँत
3. भारत से हम क्या सीखें
4. नाखून क्यों बढ़ते हैं
5. नागरी लिपि
6. बहादुर
7. परंपरा का मूल्यांकन
8. जित-जित मैं निरखत हूँ
9. आवियों
10. मछली
11. नौबतखाने में इबादत
12. शिक्षा और संस्कृति
Hindi Subjective Question
S.N गोधूलि भाग 2 ( काव्यखंड )
1. राम बिनु बिरथे जगि जनमा
2. प्रेम-अयनि श्री राधिका
3. अति सूधो सनेह को मारग है
4. स्वदेशी
5. भारतमाता
6. जनतंत्र का जन्म
7. हिरोशिमा
8. एक वृक्ष की हत्या
9. हमारी नींद
10. अक्षर-ज्ञान
11. लौटकर आऊंगा फिर
12.  मेरे बिना तुम प्रभु

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